मत हस Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps - July 21, 2010 मत हस मेरे हालपे ऐ खुदादिल को अब इसकी आदत पड़ गयी है ,अब तो मैं उस पत्थर पे हँसता हूँजिसने मुझे चोट देकर अपना वक़्त बरबाद किया Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps Comments
ये लोग - April 15, 2026 अपनी नीयत से सुनते है लोग अपने ही नज़रिये से देखते है लोग दोस्त बनाते तो है लेकिन अपने ही प्यार में जीते है लोग Read more
उसूल - December 16, 2025 कुछ अलग ही उसूल है इस दुनिया के.. यहाँ अपनाने वाले से ज्यादा ठुकराने वाले की इज़्ज़त होती है, Read more
तेरी और मेरी .. - November 22, 2023 ये अलग अलग ज़िंदगी, तेरी और मेरी अपनी अपनी दुनिया, तेरी और मेरी फिर भी ये यारी, एक अलग ही कहानी, तेरी और मेरी.. Read more
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